फ्रांस के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शुक्रवार को संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) पहुंचे. यहां वे यूएई के शीर्ष नेतृत्व के साथ द्विपक्षीय और क्षेत्रीय मुद्दों पर चर्चा करेंगे. इस दौरान उनकी अबू धाबी के शहजादे शेख मोहम्मद बिन जायद अल नहयान के साथ मुलाकात होगी. आज ही यूएई उन्हें अपना सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘ऑर्डर ऑफ जायेद’ भी प्रदान करेगा. यह सम्मान पाने वाले नरेंद्र मोदी पहले भारतीय प्रधानमंत्री होंगे. मोहम्मद बिन जायद अल नाह्यान के मुताबिक भारत और यूएई के बीच द्विपक्षीय संबंधों को बढ़ाने में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने महत्वपूर्ण योगदान दिया है

‘ऑर्डर ऑफ जायेद’ की शुरुआत साल 1995 में हुई थी. विदेशी राष्ट्राध्यक्षों की बात करें तो इससे पहले यह सम्मान 2007 में रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन को दिया गया था. 2010 में इससे ब्रिटेन की महारानी एलिजाबेथ, 2016 में सऊदी के शाह सलमान बिन अब्दुल्ला अजीज अल सऊद और साल 2018 में चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग को सम्मानित किया गया था.

शेख मोहम्मद बिन ज़ायेद अल नाह्यान ने बीते अप्रैल में एक ट्वीट के माध्यम से इस सम्मान की घोषणा की थी. उन्होंने लिखा था, ‘भारत के साथ हमारे ऐतिहासिक और व्यापक रणनीतिक रिश्ते हैं, जिसके पीछे मेरे परम मित्र नरेंद्र मोदी का बहुत योगदान है. उन्होंने इन रिश्तों को और मज़बूत किया है. उनके प्रयासों को देखते हुए यूएई के राष्ट्रपति शेख खलीफा बिन जायेद अल नाह्यान ने उन्हें जायेद सम्मान से नवाज़ा है.’