इंटरपोल ने पीएनबी घोटाला मामले में मुख्य आरोपित नीरव मोदी के छोटे भाई नेहल मोदी के खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस (आरसीएन) जारी किया है. पीटीआई के मुताबिक अधिकारियों ने शुक्रवार को बताया कि धन शोधन यानी मनी लॉन्डहिंग के आरोपों पर बेल्जियम के नागरिक नेहल मोदी के खिलाफ वैश्विक गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया है. इस मामले की जांच प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) कर रहा है.

किसी भगोड़े के खिलाफ जारी अपने आरसीएन में इंटरपोल अपने 192 सदस्य देशों से उस व्यक्ति को अपने यहां पाए जाने पर उसे गिरफ्तार करने या हिरासत में लेने के लिए कहता है. इसके बाद उसकी देश वापसी या प्रत्यर्पण की कार्यवाही शुरू की जा सकती है. इंटरपोल या अंतरराष्ट्रीय पुलिस द्वारा जारी आरसीएन के अनुसार नेहल मोदी का जन्म बेल्जियम के एंटवर्प में तीन मार्च 1979 को हुआ और वह अंग्रेजी, गुजराती और हिंदी भाषाएं जानता है. ईडी ने इस मामले में दायर किए गए आरोपपत्र में नेहल को नामजद किया है. उस पर सबूतों को नष्ट करने और नीरव मोदी की उसके कथित गैरकानूनी कार्यों में जानते-बूझते हुए मदद करने का आरोप है.

नीरव मोदी और उसके रिश्तेदार मेहुल चोकसी पर भारत की सबसे बड़ी बैंक धोखाधड़ी के मुख्य षड्यंत्रकारी होने का आरोप है. यह बैंक धोखाधड़ी पिछले साल सामने आई थी. आरोप है कि इस घोटाले में नीरव मोदी और उसके मामा मेहुल चोकसी ने पंजाब नेशनल बैंक से करीब 13,000 करोड़ रुपये से अधिक की ठगी की. नीरव मोदी लंदन में जेल में बंद है और भारत में अपने प्रत्यर्पण के मुकदमे का सामना कर रहा है. बताया जाता है कि चोकसी एंटीगुआ में है. सीबीआई भी इस मामले की जांच कर रही है।