सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार से कहा है कि वह जम्मू-कश्मीर में राष्ट्रीय हितों को ध्यान में रखते हुए सामान्य स्थिति बहाल करे. प्रधान न्यायाधीश रंजन गोगोई की अगुवाई वाली एक पीठ ने आज अधिकारियों से कहा कि वे कल्याणकारी सुविधाओं तक लोगों की पहुंच सुनिश्चित करें. पीटीआई के मुताबिक सुप्रीम कोर्ट का यह भी कहना था कि राष्ट्रीय हितों को ध्यान में रखते हुए प्रतिबंध चुनिंदा तरीके से हटाए जाएंगे. उसने केंद्र से कश्मीर में जल्द स्थिति सामान्य करने के लिए हरसंभव कदम उठाने को भी कहा.

सुप्रीम कोर्ट ने ये निर्देश ‘कश्मीर टाइम्स’ की कार्यकारी संपादक अनुराधा भसीन की ओर से दायर याचिका पर दिए. इसमें मांग की गई थी कि जम्मू-कश्मीर में लगे संचार प्रतिबंध हटाए जाएं. अदालत ने कहा कि घाटी में अगर तथाकथित बंद है तो उससे जम्मू-कश्मीर हाई कोर्ट निपट सकता है. उधर, केंद्र की ओर से पेश हुए अटॉर्नी जनरल केके वेणुगोपाल ने कहा कि कश्मीर संभाग के 88 प्रतिशत से अधिक थाना क्षेत्रों से प्रतिबंध हटा दिए गए हैं. उनका यह भी कहना था कि कश्मीर स्थित सभी समाचार पत्र काम कर रहे हैं और सरकार हरसंभव मदद मुहैया करा रही है. उन्होंने कहा कि दूरदर्शन जैसे टीवी चैनल और अन्य निजी चैनल और एफएम नेटवर्क काम कर रहे हैं.