सुप्रीम कोर्ट ने सोशल मीडिया के दुरुपयोग पर चिंता जताई, कहा - मामला खतरनाक मोड़ पर पहुंच गया है

सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार से कहा है कि वो उसे सोशल मीडिया के दुरुपयोग पर रोक संबंधी दिशा-निर्देश बनाने की समय-सीमा बताए. अदालत ने कहा कि सोशल मीडिया का दुरुपयोग खतरनाक मोड़ पर पहुंच चुका है और अब सरकार को स्थिति में दखल देना ही चाहिए. शीर्ष अदालत ने कहा कि वो इस मुद्दे पर फैसला लेने में सक्षम नहीं है और सरकार ही है जो इस पर दिशा-निर्देश ला सकती है. इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने आधार को सोशल मीडिया प्रोफाइल से लिंक करने संबंधी मामले में केंद्र सरकार से जवाब मांगा था.

ये पूरा मामला तब शुरू हुआ जब तमिलनाडु सरकार ने सोशल मीडिया प्रोफाइल को आधार से लिंक कराने संबंधी पहल की. उसका तर्क है कि ऐसा होने से सोशल मीडिया के जरिए राष्ट्रविरोधी और आतंकवादी गतिविधियों को बढ़ावा देने वालों पर नकेल कसी जा सकेगी. सरकार की इस पहल पर फेसबुक को एतराज है. उसका कहना है कि आधार को सोशल मीडिया अकाउंट से लिंक करने पर यूजर्स की प्राइवेसी खत्म हो जाएगी जो प्राइवेसी नियमों का उल्लंघन होगा.

चिन्मयानंद की जमानत नामंजूर, पुलिस पीड़िता से भी पूछताछ कर सकती है

यौन शोषण के आरोपों से जूझ रहे पूर्व केंद्रीय मंत्री चिन्मयानंद की जमानत याचिका नामंजूर हो गई है. ये याचिका उत्तर प्रदेश में शाहजहांपुर के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत ने लगाई गई थी. चिन्मयानंद को 20 सितंबर को इसी शहर से गिरफ्तार किया गया था. फिलहाल वे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में हैं. हालांकि सोमवार को उनकी तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें लखनऊ के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया है. उधर, पुलिस पीड़ित छात्रा से भी पूछताछ कर सकती है. चिन्मयानंद का आरोप है कि छात्रा उन्हें पैसे के लिए ब्लैकमेल कर रही थी. कानून की पढ़ाई कर रही इस छात्रा ने 24 अगस्त को एक वीडियो वायरल करके चिन्मयानंद पर कई लड़कियों की जिंदगी बर्बाद करने का आरोप लगाया था. सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर गठित एसआईटी इस मामले की जांच कर रही है.

लियोनल मेसी इस साल भी फीफा के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी बने

लियोनल मेसी ने एक बार फिर फीफा द्वारा दिया जाने वाला साल के सर्वश्रेष्ठ पुरुष खिलाड़ी का पुरस्कार जीत लिया है. ये उपलब्धि उन्होंने छठी बार हासिल की है. महिला वर्ग में यह सम्मान अमेरिका की स्टार मेगान रेपीनो को मिला. बार्सिलोना के स्ट्राइकर लियोनल मेसी को यह पुरस्कार मिलना हालांकि थोड़ा हैरानी भरा रहा. उन्होंने वर्जिल वान डिक को पछाड़ा जिन्होंने पिछले सत्र में लीवरपूल को चैंपियन्स लीग खिताब दिलाने में अहम भूमिका निभाई थी. माना जा रहा था कि वे फीफा के सर्वश्रेष्ठ फुटबॉलर की ट्राफी भी अपने नाम करेंगे. यूवेंट्स के फारवर्ड क्रिस्टियानो रोनाल्डो भी इस पुरस्कार की दौड़ में शामिल थे लेकिन उन्होंने समारोह में हिस्सा नहीं लिया. लियोनल मेसी और वान डिक अब प्रतिष्ठित बेलोन डियोर पुरस्कार के लिए चुनौती पेश करेंगे जिसकी घोषणा दो दिसंबर को होगी.

ब्रिटेन : सुप्रीम कोर्ट ने संसद के निलंबन का प्रधानमंत्री का फैसला रद्द किया

ब्रिटेन के सुप्रीम कोर्ट ने संसद को पांच हफ़्ते के लिए निलंबित करने के प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन के फ़ैसले को गैरकानूनी करार दिया है. बोरिस जॉनसन की सिफारिश पर महारानी एलिजाबेथ द्वितीय ने संसद को 10 सितंबर से 14 अक्टूबर तक के लिए निलंबित कर रखा है. असल मे अपने ब्रेक्जिट प्रस्ताव पर संसद में मुंह की खाने के बाद सरकार अब ब्रेक्जिट प्रक्रिया को पूरा करने के लिए संसद के हस्तक्षेप के बगैर आगे बढ़ना चाहती है. इससे पहले ब्रिटेन के एक हाई कोर्ट ने भी सरकार के इस फैसले को अवैध बताया था. सरकार ने इन फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी थी. ब्रिटेन की सर्वोच्च अदालत ने कहा कि संसद को उसके कर्तव्यपालन से रोकना ग़लत है. संसद का निलंबन समाप्त करने का ऐलान करते हुए उसका ये भी कहना था कि इसका ब्रिटेन लोकतंत्र के आधारभूत ढांचे पर ख़ासा प्रभाव हुआ.

इंडोनेशिया : अशांत क्षेत्र पापुआ में हिंसा, दो दर्जन से ज्यादा लोगों की मौत

इंडोनेशिया के अशांत क्षेत्र पापुआ में हुई हिंसा की ताजा घटना में दो दर्जन से अधिक लोग मारे गये हैं और हजारों लोगों को सुरक्षित स्थानों पर शरण लेनी पड़ी है. स्थानीय अधिकारियों ने आज ये जानकारी दी. ताजा हिंसा में मरने वाले ज्यादातर लोग पापुआ के निवासी नहीं हैं. इससे इस दक्षिण एशियाई द्वीप के अन्य हिस्सों में भी प्रवासियों के खिलाफ हिंसा बढ़ने का खतरा पैदा हो गया है. उधर, इंडोनेशियाई सरकार ने कहा है कि हिंसा की इस ताजा घटना का उद्देश्य पापुआ की आजादी की ओर संयुक्त राष्ट्र महासभा का ध्यान खींचना है. इलाके में कई हफ्तों से चल रहे प्रदर्शनों के चलते जनजीवन अस्त व्यस्त है.