रूस ने अमेरिका से कहा है कि डोनाल्ड ट्रंप के साथ उनके रूसी समकक्ष व्लादिमीर पुतिन की फोन पर हुई बातचीत को सार्वजनिक न किया जाए. पीटीआई के मुताबिक डोनाल्ड ट्रंप और यूक्रेन के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति व्लादिमीर जेलेंस्की के बीच हुई बातचीत उजागर होने के बाद खड़े हुए विवाद के मद्देनजर रूस ने अमेरिका से यह आग्रह किया है. रूस के विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव ने संयुक्त राष्ट्र में शुक्रवार को पत्रकारों से कहा, ‘जहां तक फोन पर हुई बातचीत की लिखित प्रतिलिपि की बात है, मेरी मां ने मुझे सिखाया था कि दूसरे के पत्र पढ़ना बुरी बात है.’ उन्होंने कहा, ‘यह शिष्टाचार नहीं है. उनके देशों द्वारा दो लोगों को शासन करने के लिए चुना गया है. कूटनीतिक शिष्टाचार एक निश्चित स्तर पर गोपनीयता की मांग करता है.’

25 जुलाई को व्लादिमीर जेलेंस्की के साथ डोनाल्ड ट्रंप की बातचीत के सार्वजनिक होने के बाद विवाद खड़ा हो गया था. इसके बाद अमेरिकी राष्ट्रपति के खिलाफ महाभियोग की कार्रवाई भी शुरू की गई है. अमेरिकी राष्ट्रपति पर आरोप है उन्होंने अपने डेमोक्रेटिक प्रतिद्वंद्वी जो बाइडन को नुकसान पहुंचाने के लिए विदेशी ताकतों का इस्तेमाल किया. कहा जा रहा है कि डोनाल्ड ट्रंप ने यूक्रेन के राष्ट्रपति व्लादिमीर ज़ेलेंस्की पर दबाव बनाया कि वे ट्रंप के डेमोक्रेटिक प्रतिद्वंदी जो बाइडन और उनके बेटे के खिलाफ भ्रष्टाचार के दावों की जांच शुरू करें. डोनाल्ड ट्रंप ने इससे इनकार किया है. हालांकि उन्होंने यह माना है कि उन्होंने अपने राजनीतिक प्रतिद्वंदी के बारे में यूक्रेन के राष्ट्रपति से चर्चा की थी. माना जा रहा है कि पूर्व उप राष्ट्रपति जो बाइडन 2020 में होने वाले राष्ट्रपति चुनाव में ट्रंप को टक्कर दे सकते हैं