दिल्ली हाई कोर्ट ने कांग्रेस नेता पी चिदंबरम को आईएनएक्स मीडिया मामले में जमानत देने से इनकार कर दिया है. अदालत ने कहा कि सबूतों के साथ छेड़छाड़ की कोई आशंका नहीं है, लेकिन यह संभव है कि चिदंबरम गवाहों को प्रभावित कर सकते हैं. अदालत का यह भी कहना था कि मामले की जांच अब काफी आगे के चरण में है और ऐसे में पी चिदंबरम को जमानत देना ठीक नहीं होगा. पूर्व वित्त मंत्री पांच सितंबर से तिहाड़ में हैं. उनकी न्यायिक हिरासत तीन अक्टूबर को खत्म होनी है.

पी चिदंबरम को बीते महीने सीबीआई ने आईएनएक्स मीडिया मामले में गिरफ्तार किया था. यह 2006 का मामला है. आरोप है कि आईएनएक्स मीडिया में विदेशी निवेश की मंजूरी देने में गड़बड़ी की गई. तब वित्त मंत्री पी चिदंबरम ही थे. इस मामले में उनके बेटे कार्ति चिदंबरम भी आरोपित हैं. इस मामले की एक आरोपित इंद्राणी मुखर्जी अब सरकारी गवाह हैं. हालांकि पी चिदंबरम खुद पर लगे तमाम आरोपों से इनकार करते रहे हैं. वे इन आरोपों को केंद्र में सत्ताधारी भाजपा की बदले की राजनीति बताते हैं. पी चिदंबरम ने हाल में अपना 74 वां जन्मदिन जेल में ही मनाया. जेल अधिकारियों के मुताबिक उन्हें अलग से कोई सुविधा नहीं दी गई है.