अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सीरिया से लगती तुर्की की सीमा से अमेरिकी सैनिकों को हटाने के फैसले को सही ठहराया है. उन्होंने सोमवार को कहा कि तुर्की के सीमाई क्षेत्र में जो स्थिति बनी हुई है, उससे तुर्की और कुर्दों को खुद निपटना होगा. उनके मुताबिक अब अमेरिका को इस बेतुके अंतहीन युद्ध से बाहर निकलने की जरूरत है.

सोमवार को डोनाल्ड ट्रंप ने एक ट्वीट में लिखा कि तुर्की, यूरोप, सीरिया, ईरान, इराक, रूस और कुर्दों को स्थिति से खुद निपटना होगा और वे अपने-अपने क्षेत्रों से पकड़े गए इस्लामिक स्टेट (आईएस) के लड़ाकों के साथ जो करना चाहते हैं, वो करें. उन्होंने आगे लिखा, ‘ज्यादातर युद्ध कबायलियों के बीच हो रहे हें और अब इस बेतुके अंतहीन युद्ध से निकलने का वक्त है. हमें अपने अमेरिकी सैनिकों को वापस घर बुलाना है. हम वह लड़ाई लड़ते हैं जो हमारे हित की होती है और हम सिर्फ जीतने के लिए लड़ते हैं.’

रविवार देर शाम को अमेरिका ने सीरिया की उत्तरी सीमा के अहम ठिकानों से अपने सैनिकों को हटाने की घोषणा की थी. यह अमेरिकी नीति में एक बड़ा परिवर्तन माना जा रहा है. अमेरिकी सैनिकों की वापसी के बाद इन इलाकों में आईएस के खिलाफ सालों से लड़ रहे कुर्द अकेले रह जाएंगे. कुर्द इन इलाकों में अमेरिकी सैनिकों के सबसे बड़े मददगार थे.

उधर, अमेरिका की इस घोषणा पर तुर्की के राष्‍ट्रपति रजब तैयब एर्दोआन ने ख़ुशी जताई है. उन्होंने कुर्दों को चेतावनी देते हुए कहा है कि उनकी सेना सीरिया में कुर्दों खिलाफ किसी भी समय अभियान छेड़ने को पूरी तरह तैयार है. एर्दोआन ने कहा, ‘हमें सिर्फ अमेरिका की इस घोषणा का ही इंतजार था अब उसकी सेना हमारे बीच में नहीं आएगी. हमारे यहां एक कहावत है कि हम बिना चेतावनी दिए किसी भी रात धमक सकते हैं...हम कुर्द आतंकी संगठनों को और कितना बर्दाश्‍त कर सकते हैं.’

तुर्की कुर्दों को उत्तरी सीरिया से हटाना क्यों चाहता है?

तुर्की से लगे उत्तरी सीरिया के कई इलाकों में कुर्द लड़ाके लंबे समय से आईएस को खत्म करने में अमेरिका का सहयोग कर रहे हैं. लेकिन, तुर्की इन इलाकों में कुर्द लड़ाकों की उपस्थिति नहीं चाहता और उन्हें किसी भी तरह इन क्षेत्रों से हटाना चाहता है. तुर्की कुर्दों को आतंकवादी मानता है, उसका कहना है कि कुर्द तुर्की में सक्रिय अलगाववादी संगठनों के सबसे बड़े मददगार हैं. यही वजह है कि वह अमेरिकी सेना के सीरिया से जाने के बाद कुर्द लड़ाकों पर धावा बोलने की तैयारी में है.