दिल्ली-एनसीआर के दूसरे हवाई अड्डे से उड़ान का इंतजार अब खत्म हो गया है. गाजियाबाद के हिंडन हवाई अड्डे से 11 अक्‍टूबर को पहली यात्री उड़ान को हरी झंडी दिखाई जायेगी. दिल्ली से पिथौरागढ़ जाने वाले इस पहले विमान का संचालन विमानन कंपनी ‘हेरिटेज एविएशन’ कर रही है.

हेरिटेज एविएशन प्राइवेट लिमिटेड के सीईओ रोहित माथुर ने एएनआई से बातचीत में कहा, ‘हमारी कंपनी का यह नौ सीटर विमान 11 अक्टूबर को हिंडन हवाई अड्डे से पिथौरागढ़ के लिए पहली उड़ान भरेगा. विमान में एक व्यक्ति का किराया ढ़ाई हजार रुपए रखा गया है.’

रोहित माथुर का यह भी कहना था, ‘हिंडन से पिथौरागढ़ की इस पहली उड़ान के बाद हम देहरादून, हुबली, शिमला, फैजाबाद, गुलबर्गा, नासिक और कुन्नूर और अन्य लोकप्रिय पर्यटन स्थलों के लिए भी उड़ानें शुरू करने की योजना बना रहे है.’

पिछले कुछ समय से दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (आईजीआई) पर भार को कम करने के लिए हिंडन हवाई अड्डे को यात्री उड़ानों के लिए तैयार किया जा रहा था. यह भारतीय वायु सेना का बेस स्टेशन है.

वायु सेना से यात्री उड़ानों की अनुमति मिलने के बाद से इसके एक हिस्से को यात्री उड़ानों के लिए विकसित किया गया है. वायु सेना ने क्षेत्रीय हवाई संपर्क योजना - ‘उड़े देश का आम आदमी’ (उड़ान) के तहत नागरिक उड़ानों के लिए अपने इस एयरबेस के उपयोग की अनुमति दी है.

साल 2016 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आम आदमी को हवाई सफर का लाभ पहुंचाने के मकसद से ‘उड़ान योजना’ की शुरुआत की थी. इस योजना का मकसद उन क्षेत्रीय हवाई अड्डों में फ्लाइट का संचालन करना है जो नियमित उड़ानों के लिए इस्तेमाल नहीं किए जाते. साथ ही इस योजना के जरिये मोदी सरकार देश के छोटे-छोटे शहरों को भी हवाई जहाज की सुविधा से जोड़ना चाहती है.