बिहार में 2020 में होने वाला विधानसभा चुनाव एनडीए नीतीश कुमार के नेतृत्व में ही लड़ेगा और अगर गठबंधन को जीत मिलती है तो मुख्यमंत्री भी वही होंगे. भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने जेडीयू और भाजपा के बीच इस मुद्दे पर मतभेद की चर्चाओं पर फिलहाल विराम लगा दिया है. एक समाचार चैनल को दिए गए एक साक्षात्कार में अमित शाह ने कहा, ‘जेडीयू और बीजेपी एक साथ मिलकर चुनाव लड़ेंगे और यह चुनाव नीतीश जी के नेतृत्‍व में लड़ा जाएगा. यह पूरी तरह से स्‍पष्‍ट है.’ दोनों दलों के बीच मतभेदों पर उनका कहना था, ‘गठबंधन में हमेशा ही कुछ न कुछ मनमुटाव रहता है और इसे एक अच्‍छे गठबंधन का मानदंड माना जाना चाहिए. बस मतभेद को मनभेद में नहीं बदलना चाहिए.’

मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल में जेडीयू से मात्र एक मंत्री बनाए जाने से नीतीश कुमार नाराज थे और उन्‍होंने सरकार में शामिल होने से इनकार कर दिया था. बाद में नीतीश कुमार ने अपने मंत्रिमंडल का विस्‍तार किया तो इससे भाजपा को दूर रखा. इसके बाद जेडीयू और भाजपा के नेता एक-दूसरे की इफ्तार पार्टी में भी नहीं गए थे. इससे मतभेद की अटकलें और तेज हो गई थीं. बिहार के उपमुख्यमंत्री और भाजपा नेता सुशील कुमार मोदी भी कह चुके हैं कि अगला विधानसभा चुनाव नीतीश कुमार की अगुवाई में लड़ा जाएगा.