भारतीय स्टार महिला मुक्केबाज एमसी मैरी कॉम ने शनिवार को ओलंपिक चैम्पियन निशानेबाज अभिनव बिंद्रा पर निशाना साधा. मैरी कॉम ने कहा कि अभिनव बिंद्रा निशानेबाज हैं, उन्हें मुक्केबाजी के मामलों में नहीं बोलना चाहिए.

मैरीकॉम ने कहा, ‘अभिनव बिंद्रा ओलंपिक स्वर्ण पदक जीत चुके हैं, लेकिन मैंने भी विश्व चैम्पियनशिप में कई स्वर्ण पदक जीते हैं. मुक्केबाजी से उनका कोई लेना देना नहीं है. मैं निशानेबाजी के बारे में बात नहीं करती इसलिये उनके लिये बेहतर यही होगा कि वह मुक्केबाजी पर चुप रहें. वह मुक्केबाजी के नियम नहीं जानते.’ मैरी कॉम ने यह भी कहा, ‘वह मुक्केबाजी के बारे में कुछ नहीं जानते. इसलिये बेहतर होगा कि चुप रहें. मुझे नहीं लगता कि अभिनव भी हर निशानेबाजी टूर्नामेंट से पहले ट्रायल्स के लिये जाते होंगे.’

दरअसल, यह विवाद तब शुरु हुआ था, जब मुक्केबाज निकहत जरीन ने चीन में अगले साल होने वाले ओलंपिक क्वालीफायर के लिये भारतीय टीम के चयन से पहले मैरी कॉम (51 किग्रा) के खिलाफ ट्रायल मुकाबला आयोजित करने की मांग की थी. जबकि भारतीय मुक्केबाजी महासंघ (बीएफआई) ने कहा था कि मैरी कॉम (51 किग्रा) के हाल में रूस में विश्व चैंपियनशिप में कांस्य पदक जीतने के प्रदर्शन को ध्यान में रखते हुए वह उन्हें सीधे ओलंपिक क्वालीफायर में भेजेगा. यह मसला खेल मंत्री किरण रिजीजू के सामने भी पहुंच चुका है.

इस मामले में अभिनव बिंद्रा ने जरीन का समर्थन किया था. जिसके कारण मैरी कॉम ने उन पर नाराजगी जताई है.अभिनव बिंद्रा ने ट्वीट किया था, ‘ मैरीकॉम का मैं पूरा सम्मान करता हूं लेकिन खिलाड़ी को अपने कैरियर में बार बार सबूत देने पड़ते हैं. यह सबूत कि हम आज भी कल की तरह खेल सकते हैं. कल से बेहतर और आने वाले कल से बेहतर. खेल में बीता हुआ कल मायने नहीं रखता.’