हरियाणा में अगली सरकार भी भाजपा की होगी, यह तय दिख रहा है. हरियाणा लोकहित पार्टी के विधायक गोपाल कांडा ने आज ऐलान किया कि छह निर्दलीय विधायक भाजपा को बिना शर्त समर्थन देने को तैयार हैं. उनका यह बयान हरियाणा में त्रिशंकु विधानसभा की स्थिति बनने के बाद हुई ताबड़तोड़ बैठकों के बाद आया है. गोपाल कांडा ने कहा, ‘मेरी सभी बीजेपी के बड़े नेताओं से मुलाकात हुई. मंत्री पद के सवाल पर हमने बिना शर्त समर्थन देने की बात कही. हमारी कोई मांग नहीं है. मैं और परिवार शुरू से आरएसएस से जुड़े हैं. हम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से प्रभावित हैं.’

हरियाणा में भाजपा 40 सीटों के साथ सबसे बड़ी पार्टी बनी है. लेकिन वह बहुमत के आंकड़े यानी 46 से दूर रह गई. इसके बाद पार्टी ने जीतकर आए आठ निर्दलीय विधायकों का समर्थन लेने की कोशिशें शुरू कर दी थीं. देर रात भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के घर पर एक बैठक शुरू हुई जो आज तड़के तक चली. हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर भी दिल्ली में ही हैं. उन्होंने कहा कि वे जल्द ही सरकार बनाने की उम्मीद कर रहे हैं. उधर, बहुमत से दूर रह जाने के बावजूद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमित शाह ने मनोहर लाल खट्टर पर भरोसा जताया है.

इस बीच खबर आई थी कि 31 सीटें जीतने वाली कांग्रेस ने दुष्यंत चौटाला की जननायक जनता पार्टी से भी बातचीत शुरू की है जिसने 10 सीटें जीती हैं. हालांकि पार्टी का कहना है कि उसे भाजपा से भी सरकार बनाने में मदद करने का न्यौता मिला है.