बोलीविया के राष्ट्रपति इवो मोरालेस ने चुनाव नतीजों में गड़बड़ी के आरोपों के बाद सेना और जनता के बढ़ते दबाव के बीच इस्तीफा दे दिया है. बीते महीने हुए राष्ट्रपति चुनाव में अनियमितताओं को लेकर इस दक्षिण अमेरिकी देश में हिंसक प्रदर्शन चल रहे हैं. इससे एक दिन पहले इवो मोरालेस ने नये सिरे से चुनाव कराने की पेशकश भी की थी. लेकिन संकट तब गहराया जब देश के सेना प्रमुख ने राष्ट्रीय टेलीविजन चैनल पर उनसे इस्तीफा देने की मांग की. 60 वर्षीय समाजवादी नेता मोरालेस ने कहा, ‘मैं बोलीविया की संसद को अपना इस्तीफा भेज रहा हूं.’ उन्होंने हिंसा बंद करने और शांति की अपील की है.

इवो मोरालेस ने यह भी कहा कि उनकी गिरफ्तारी का वारंट आया है. उन्होंने ट्वीट किया, ‘मैं दुनिया और बोलीविया के लोगों को बताना चाहता हूं कि एक पुलिस अधिकारी ने सार्वजनिक रूप से कहा कि उसके पास मेरे लोगों को गैरकानूनी रूप से गिरफ्तार करने के आदेश का पालन करने के निर्देश हैं.’ उन्होंने यह भी कहा कि ‘हिंसक समूहों’ ने उनके घर पर हमला किया था.

उधर, तीन हफ्तों से चल रहे विरोध प्रदर्शनों का नेतृत्व कर रहे कंजर्वेटिव नेता लुइस फर्नांडो कैमेचो ने पुष्टि की कि मोरालेस के लिए गिरफ्तारी वारंट जारी हुआ है. कैमेचो ने टि्वटर पर लिखा, ‘सेना ने उनका राष्ट्रपति विमान ले लिया है. वे चापारे में छिपे हैं. हम उनकी तलाश कर रहे हैं.’ चापारे से ही इवो मोरोलस ने टेलीविजन पर अपने इस्तीफे की घोषणा की.

इवो मोरालेस बोलीविया की मूल निवासी आबादी के राष्ट्रपति बनने वाले पहले सदस्य थे. वे 13 साल नौ महीने तक सत्ता में रहे जो इस देश के इतिहास में किसी राष्ट्रपति का सबसे लंबा कार्यकाल है. हालांकि, पिछले महीने चौथी बार चुनाव जीतने के उनके दावे ने देश में अशांति पैदा कर दी. उनके समर्थकों तथा प्रतिद्वंद्वियों के बीच झड़पों में तीन लोगों की मौत हो गयी और 100 से अधिक घायल हो गए.

इससे पहले रविवार को ऑर्गेनाइजेशन ऑफ अमेरिकन स्टेट्स (ओएएस) ने एक रिपोर्ट में कहा कि उसने 20 अक्टूबर को हुए चुनाव में ‘कई अनियमितताएं’’ पायी हैं और देश में नया चुनाव होना चाहिए. इवो मोरालेस इस पर राजी हो गए थे. लेकिन सेना प्रमुख जनरल विलियम्स कलीमन ने स्पष्ट कर दिया कि यह पर्याप्त नहीं होगा. सेना प्रमुख ने कहा, ‘आंतरिक संघर्ष की स्थिति का आकलन करने के बाद हम राष्ट्रपति से इस्तीफा देने की मांग करते हैं ताकि बोलीविया के हित में शांति और स्थिरता बरकरार रखी जा सके.’ ओएएस की रिपोर्ट जारी होने के बाद बोलीविया के सर्वोच्च चुनाव संस्था के प्रमुख ने इस्तीफा दे दिया.

इवो मोरालेस सबसे पहले 2006 में निर्वाचित हुए थे. वे दक्षिण अमेरिका के इस गरीब देश को आर्थिक वृद्धि की राह पर ले गए. उन्होंने सड़कों को पक्का करने, बोलीविया के पहले उपग्रह को अंतरिक्ष में भेजने और महंगाई पर लगाम लगाने जैसे महत्वपूर्ण काम किए.

उधर, पड़ोसी अर्जेंटीना ने बोलीविया में सभी राजनीतिक और सामाजिक तत्वों से शांति बनाए रखने और बात करने का अनुरोध किया है. अर्जेंटीना सरकार ने एक बयान में कहा कि नये चुनावों में सत्ता हस्तांतरण के लिए बोलीविया के नागरिकों को संयम बरतने की जरूरत है. इस बीच, अमेरिका के विदेश मंत्रालय ने कहा कि उसके अधिकारी बोलीविया में घटनाक्रमों पर नजर रख रहे हैं.

उधर, क्यूबा ने बोलीविया में मोरालेस के इस्तीफे के बाद घटनाक्रम को तख्तापलट बताते हुए उसकी कड़ी निंदा की है. वहां विदेश मंत्री ब्रूनो रोड्रिगेज ने ट्वीट किया, ‘क्यूबा अपने भाई राष्ट्रपति इवो मोरालेस के साथ एकजुटता व्यक्त करता है.’ वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो ने भी इसे तख्तापलट बताते हुए इसकी निंदा की है.