कांग्रेस और एनसीपी महाराष्ट्र में शिवसेना के साथ सरकार गठन के कुछ और करीब पहुंच गए हैं. दोनों दल सत्ता साझेदारी के स्वरूप और न्यूनतम साझा कार्यक्रम को अंतिम रूप दे रहे हैं. कांग्रेस की सर्वोच्च नीति निर्धारण इकाई कांग्रेस कार्य समिति (सीडब्ल्यूसी) ने महाराष्ट्र में राजनीतिक स्थिति पर विस्तृत विचार विमर्श के बाद राज्य में शिवसेना के साथ हाथ मिलाने को अपनी स्वीकृति दी. पार्टी प्रमुख सोनिया गांधी की अध्यक्षता वाली बैठक के बाद कांग्रेस सूत्रों ने बताया कि शुक्रवार तक महाराष्ट्र में सरकार गठन पर अंतिम निर्णय लिए जाने की संभावना है.

उधर, कांग्रेस और एनसीपी के वरिष्ठ नेताओं ने आज एनसीपी प्रमुख शरद पवार के आवास पर उनसे मुलाकात की. इस बैठक में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अहमद पटेल, जयराम रमेश और मल्लिकार्जुन खड़गे शामिल थे. एनसीपी की तरफ से इसमें प्रफुल्ल पटेल, सुप्रिया सुले, अजीत पवार, जयंत पाटिल और नवाब मलिक शामिल थे. सूत्रों ने बताया कि तीनों दल राज्य में सत्ता गठन को लेकर शुक्रवार तक औपचारिक घोषणा कर सकते हैं. इससे पहले, शिवसेना के वरिष्ठ नेता संजय राउत ने विश्वास जताया कि दोनों पार्टियां कांग्रेस के साथ एक या दो दिन में सरकार गठन को लेकर निर्णय पर पहुंच जायेंगी.

भाजपा और शिवसेना ने महाराष्ट्र में विधानसभा चुनाव एक साथ मिलकर लड़ा था और दोनों दलों ने 288 सदस्यीय सदन में क्रमश: 105 और 56 सीटों पर जीत दर्ज आसानी से बहुमत का आंकड़ा हासिल कर लिया था. लेकिन मुख्यमंत्री पद को लेकर दोनों की राहें जुदा हो गईं. इसके बाद शिवसेना ने कांग्रेस-एनसीपी गठबंधन से बातचीत शुरू की थी.