मोदी सरकार ने अगले पांच साल में बुनियादी ढांचा क्षेत्र में 100 लाख करोड़ रुपये के निवेश की योजना तैयार की है. केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने बुधवार को मीडिया को यह जानकारी दी.

उन्होंने कहा, ‘यह निवेश हवाई अड्डा, सड़क, राजमार्ग, रेल, बंदरगाह क्षेत्र में बुनियादी ढांचे की उपलब्धता और गुणवत्ता में बदलाव लाएगा... इससे विमानन, नौहवन, बिजली और तेल एवं गैस जैसे बुनियादी ढांचे से जुड़े क्षेत्रों में अगले पांच सालों में काफी अवसर देखने को मिलेंगे.’ उन्होंने कहा कि अगले पांच साल में 100 लाख करोड़ रुपये का निवेश कोई छोटी-मोटी राशि नहीं है.

गोयल के पास रेल मंत्रालय की भी जिम्मेदारी है. इस मंत्रालय की चर्चा करते हुए उनका कहना था कि रेलवे में 50 लाख करोड़ रुपये के निवेश का 12 वर्षीय योजना का खाका तैयार किया गया है.

दिल्ली में चल रहे अंतरराष्ट्रीय व्यापार मेले में शिरकत करने आए केंद्रीय रेल मंत्री ने आगे कहा, ‘रेलवे में 12 साल में 50 लाख करोड़ रुपये के निवेश की योजना है. जाहिर है कि सरकार इस तरह पैसा नहीं लगा सकती है, इसलिए हमें निजी क्षेत्र को जोड़ना होगा. हम सार्वजनिक-निजी भागीदारी मॉडल के जरिए मिलकर काम करेंगे.’

केंद्रीय मंत्री ने क्षेत्रीय व्यापक आर्थिक साझेदारी (आरसीईपी) पर भी बात की. उनका कहना था कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आरसीईपी में शामिल नहीं होने का फैसला एक साहसिक कदम है. इससे भारतीय कारोबारी समुदाय के अधिकारों और हितों की रक्षा होगी.