अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अफगानिस्तान पहुंचकर तालिबान के साथ एक बार फिर शांति वार्ता शुरू करने की घोषणा कर दी है. हालांकि, उन्होंने अपने सैनिकों को अफगानिस्तान से वापस बुलाने की समयसीमा पर बोलने से मना कर दिया.

पीटीआई के मुताबिक अफगानिस्तान के ‘बगराम एयर फील्ड’ में जब पत्रकारों ने डोनाल्ड ट्रंप से तालिबान से दोबारा बातचीत शुरू करने को लेकर सवाल किया तो उन्होंने कहा, ‘हां बातचीत फिर शुरू हो रही है. तालिबान समझौता करना चाहता है और हम उनसे मिलने वाले हैं. जब हम संघर्ष विराम चाहते थे, वे संघर्ष विराम नहीं चाहते थे और अब वे संघर्ष विराम चाहते हैं. मुझे लगता है कि अब बातचीत सफल हो पाएगी.’

अमेरिकी राष्ट्रपति के मुताबिक अमेरिका ने इस मसले पर पिछले छह महीने में काफी प्रगति की है और वह जल्द ही अपने सैनिक भी वापस बुलाने वाला है. ट्रंप ने इस बात की भी पुष्टि की कि फिलहाल वे अफगानिस्तान में अमेरिकी सैनिकों की संख्या घटाकर 8,600 करना चाहते हैं. अभी वहां 14000 अमेरिकी सैनिक हैं.

लेकिन अमेरिका राष्ट्रपति ने यह भी जोड़ा, ‘हम तब तक अफगानिस्तान में रहेंगे जब तक की कोई समझौता नहीं हो जाता या हमारी पूरी तरह जीत नहीं हो जाती और अब तालिबान समझौता करने को ज्यादा उत्सुक है.’

बीते सितम्बर में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने तालिबान के साथ चल रही शांति वार्ता रोक दी थी. उन्होंने अफगानिस्तान की राजधानी काबुल में तालिबान द्वारा किए गए एक हमले को इसकी वजह बताया था. इस हमले में एक अमेरिकी सैनिक सहित 12 लोगों की मौत हो गई थी. इससे पहले बीते एक साल के दौरान अमेरिका की ओर से राजनयिक जलमय खलीलजाद तालिबान के साथ नौ दौर की वार्ता कर चुके थे. बीते अगस्त में यह वार्ता एक समझौते पर भी पहुंच गयी थी.