कर्नाटक में 15 विधानसभा सीटों के उपचुनाव के लिए मतदान जारी है. पीटीआई के मुताबिक शुरुआती दो घंटों में करीब 6.06 प्रतिशत मतदान हो चुका है. माना जा रहा है कि यह उपचुनाव राज्य में मुख्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा नीत भाजपा सरकार की किस्मत तय करेगा. मतदान सुबह सात बजे आरंभ हुआ और यह शाम छह बजे तक चलेगा. चुनाव परिणाम नौ दिसंबर को घोषित किए जाएंगे.

यह उपचुनाव 17 विधायकों को अयोग्य करार देने से खाली हुई सीटों को भरने के लिये हो रहा है. इन विधायकों में कांग्रेस और जेडीएस के बागी नेता शामिल थे. इनकी बगावत के चलते जुलाई में एचडी कुमारस्वामी नीत सरकार गिर गई थी और भाजपा के सत्ता में आने का मार्ग प्रशस्त हुआ था. भाजपा को राज्य की सत्ता में बने रहने के लिए इन 15 सीटों में से कम से कम छह सीटें जीतने की जरूरत है.

विधायकों को अयोग्य करार दिए जाने के बाद कर्नाटक विधानसभा में इस समय 208 सदस्य हैं. इनमें भाजपा के पास 105 (एक निर्दलीय सहित), कांग्रेस के 66 और जेडीएस के 34 विधायक हैं. बसपा का भी एक विधायक हैं. इसके अलावा एक मनोनीत विधायक और अध्यक्ष हैं. जिन 15 सीटों पर उपचुनाव हो रहा है उनमें 12 पर कांग्रेस और तीन पर जद (एस) का कब्जा है. अयोग्य करार दिए गए 13 विधायकों को भाजपा ने अपना उम्मीदवार बनाया है. उपचुनाव लड़ने के लिए उच्चतम न्यायालय से इजाजत मिलने के बाद पिछले महीने वे भाजपा में शामिल हो गए थे. उपचुनाव 21 अक्टूबर को होना था लेकिन चुनाव आयोग ने इसे पांच दिसंबर के लिए टाल दिया था. शीर्ष न्यायालय ने इससे पहले अयोग्य करार दिए विधायकों की याचिकाओं की सुनवाई करने का फैसला किया था.