पूर्व भाजपा नेता यशवंत सिन्हा ने शनिवार को कहा कि आर्थिक मंदी के कारण केंद्र सरकार दिवालिया होने के कगार पर है. उन्होंने कहा कि विभिन्न सेक्टरों में मांग खत्म होने के कारण अर्थव्यवस्था अपने सबसे बुरे दौर से गुजर रही है और ऐसी चीजों से ध्यान भटकाने के लिए सीएए और एनआरसी जैसी चीजें लाई जा रही हैं.

पूर्व केंद्रीय मंत्री यशवंत सिन्हा ने यह बात नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) और राष्ट्रीय नागरिक पंजीकरण (एनआरसी) के विरोध में अहमदाबाद में निकाली गयी ‘गांधी शांति यात्रा’ में कही. यशवंत सिन्हा ने कहा, ‘केंद्र सरकार अर्थव्यवस्था से संबंधित दिक्कतों को जान-बूझकर अनदेखा करती रही और आंकड़ों में हेरफेर के जरिये यह दिखाने की कोशिश करती रही कि सब कुछ ठीक है.’ उन्होंने यह भी कहा कि आंकड़ों के सहारे सभी कुछ ठीक दिखाने की तरकीब हमेशा काम नहीं करती. और यह भी कि सीएए विफल हो चुकी अर्थव्यवस्था से ध्यान भटकाने के लिए नरेंद्र मोदी सरकार द्वारा रचा गया षड्यंत्र है.