केरल : सीएए पर सरकार-राज्यपाल में तकरार बढ़ी, आरिफ मोहम्मद खान ने मुख्य सचिव से रिपोर्ट मांगी | रविवार, 19 जनवरी 2020

संशोधित नागरिकता कानून (सीएए) को लेकर केरल की वाम मोर्चा सरकार और राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान में तकरार बढ़ती जा रही है. राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने साफ़ शब्दों में कहा कि वे एक मूक दर्शक नहीं बने रहेंगे और यह सुनिश्चित करेंगे कि देश का कानून केरल में भी लागू हो.

पीटीआई के मुताबिक आरिफ मोहम्मद खान ने रविवार को तिरुवनंतपुरम में मीडिया से बातचीत के दौरान यह बात कही. उन्होंने कहा, ‘संविधान कायम रखना होगा और यह कोई निजी लड़ाई नहीं है. मैं मूक दर्शक बनकर नहीं बैठा रहूंगा..यह सुनिश्चित करूंगा कि नियम और कानून कायम रहें.’ राज्यपाल ने राज्य सरकार के उनसे मशविरा किये बिना सीएए के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट जाने पर आपत्ति जताते हुए मुख्य सचिव से रिपोर्ट मांगी है.

सुप्रीम कोर्ट ने चुनावी बॉन्ड्स पर अंतरिम रोक लगाने से इनकार किया | सोमवार, 20 जनवरी 2020

सुप्रीम कोर्ट ने चुनावी बॉन्ड्स योजना पर अंतरिम रोक लगाने से इनकार कर दिया. शीर्ष अदालत ने इस रोक की मांग करने वाली याचिका पर केंद्र और चुनाव आयोग से दो हफ्ते में जवाब भी मांगा है. यह याचिका चुनाव सुधार के लिए काम करने वाली संस्था एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स (एडीआर), सीपीएम और अन्‍य की ओर से दाखिल की गई है. पिछली सुनवाई में शीर्ष अदालत ने सभी राजनैतिक दलों को आदेश दिया था कि वे चुनावी बॉन्ड्स के जरिये मिले चंदे और दानकर्ताओं का पूरा ब्योरा सीलबंद लिफाफे में चुनाव आयोग को सौंप दें.

मुजफ्फरपुर बालिका गृह मामला : ब्रजेश ठाकुर सहित 19 दोषी करार | मंगलवार, 21 जनवरी 2020

दिल्ली की एक अदालत ने मुजफ्फरपुर बालिका आश्रय गृह मामले में इसके संचालक ब्रजेश ठाकुर और 18 अन्य को दोषी करार दिया. पीटीआई के मुताबिक अदालत ने ठाकुर को पॉक्सो कानून के तहत गंभीर यौन उत्पीड़न और सामूहिक बलात्कार का दोषी ठहराया. एक आरोपित को बरी कर दिया गया. दोषियों को सजा सुनाने के लिए 28 जनवरी की तारीख तय की गई.

मुजफ्फरपुर बालिका गृह में यौन शोषण का मामला मई 2018 में तब सामने आया था जब टाटा इंस्टीट्यूट ऑफ सोशल साइंसेज ने अपने ऑडिट के दौरान यहां की बच्चियों से बातचीत कर एक रिपोर्ट तैयार की थी. इसके बाद पुलिस जांच में कई लड़कियों के गायब होने का खुलासा भी हुआ. विवाद बढ़ा तो राज्य सरकार ने मामले की जांच सीबीआई को सौंप दी. बीते मार्च में सीबीआई ने ब्रजेश ठाकुर समेत सभी आरोपितों खिलाफ आरोप पत्र दायर किया था. इनमें आठ महिलाएं थीं.

निर्भया कांड के दोषियों के कानूनी दांव-पेंच से सबक लेते हुए केंद्र सरकार सुप्रीम कोर्ट पहुंची | बुधवार, 22 जनवरी 2020

निर्भया मामले के दोषियों के दांव-पेंच से सबक लेते हुए केंद्र सरकार ने सुप्रीम में एक याचिका दायर की. इसमें उसने मौत की सजा पाये दोषियों को फांसी दिये जाने के लिये सात दिन की समय सीमा निर्धारित करने का अनुरोध किया. केंद्र ने अपनी अर्जी में कहा है कि मौत की सजा के मामलों में पीड़ितों को केंद्र में रखकर एक गाइडलाइन बनाई जानी चाहिए क्योंकि शीर्ष अदालत की गाइडलाइन फिलहाल ‘दोषी केंद्रित’ है. उसका कहना है कि इसके चलते दोषी कानून से खेलते हैं और मौत की सजा से बचते रहते हैं. निर्भया मामले के दोषियों द्वारा पुनर्विचार याचिका, सुधारात्मक याचिका और दया याचिकाएं दायर करने की वजह से इनकी फांसी कई बार टली.

अनुपम खेर ने नसीरुद्दीन शाह को ‘नशेड़ी’ कहा | गुरूवार, 23 जनवरी 2020

बॉलीवुड अभिनेता अनुपम खेर ने ‘ए वेडनसडे’ के अपने सह अभिनेता नसीरुद्दीन शाह द्वारा उन्हें ‘जोकर’ कहे जाने की टिप्पणी का जवाब दिया. एक वीडियो संदेश में अनुपम खेर ने कहा, ‘हालांकि मैंने कभी भी आपके बारे में कुछ बुरा नहीं कहा था लेकिन अब बोलूंगा. इतना कुछ हासिल करने के बाद अपने अपनी पूरी जिंदगी हताशा में गुजारी. अगर आप दिलीप कुमार साहब, अमिताभ बच्चन, राजेश खन्ना, शाहरुख खान और विराट कोहली की आलोचना कर सकते हैं तो मेरा विश्वास है कि मैं फिर सही कंपनी में हूं.’

अनुपम खेर का आगे कहना था, ‘इनमें से किसी ने भी आपके बयान को गंभीरता से नहीं लिया क्योंकि हम सभी जानते हैं कि वर्षों से जिन पदार्थों का सेवन आप कर रहे हैं यह उसका नतीजा है. आप सही और गलत के बीच अंतर नहीं जानते.’ उन्होंने कहा, ‘और आपको पता है क्या कि मेरे खून में क्या है? हिंदुस्तान है. इसे समझें.’

महाराष्ट्र : पूर्व भाजपा सरकार पर राकांपा और कांग्रेस नेताओं के फोन टैप कराने के आरोप | शुक्रवार, 24 जनवरी 2020

महाराष्ट्र के गृह मंत्री अनिल देशमुख ने राज्य की पूर्ववर्ती भाजपा नीत सरकार पर पिछले साल लोकसभा और विधानसभा चुनाव के दौरान राकांपा और कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं के फोन टैप कराने का आरोप लगाया. उन्होंने शुक्रवार को इस मामले की जांच के आदेश भी दिए.

महाराष्ट्र के गृह मंत्री अनिल देशमुख ने कहा, ‘पिछले साल लोकसभा और विधानसभा चुनाव से पहले सरकारी तंत्र का प्रयोग करते हुए पूर्ववर्ती भाजपा नीत सरकार ने राकांपा और कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं के फोन टैप करवाए थे.’ विदर्भ के भंडारा जिले में मीडिया से बात करते हुए देशमुख ने कहा, ‘चुनाव से पहले भाजपा सरकार ने यह पता लगाने की कोशिश की थी राकांपा और कांग्रेस नेता किससे और क्या बातें करते हैं.’ हालांकि, गृह मंत्री अनिल देशमुख ने राकांपा और कांग्रेस के उन नेताओं के नाम का खुलासा नहीं किया जिनका फोन कथित रूप से टैप कराया गया था.

कपिल मिश्रा पर चुनाव आयोग की कार्रवाई, दो दिन तक प्रचार नहीं कर सकेंगे | शनिवार, 25 जनवरी 2020

चुनाव आयोग ने दिल्ली विधानसभा चुनाव में भाजपा प्रत्याशी कपिल मिश्रा के प्रचार करने पर 48 घंटे का प्रतिबंध लगा दिया. पीटीआई ने आयोग के सूत्रों के हवाले से यह खबर दी है. मॉडल टाउन से भाजपा प्रत्याशी कपिल मिश्रा पर प्रतिबंध की यह समयसीमा शनिवार को शाम पांच बजे से शुरू होगी. इससे संबंधित आदेश उन्हें भेज दिया गया.

कपिल मिश्रा के खिलाफ यह कार्रवाई उनके एक विवादित ट्वीट के चलते की गई. दो दिन पहले किए गए इस ट्वीट में उन्होंने कहा था कि आठ फरवरी को दिल्ली की सड़कों पर हिंदुस्तान और पाकिस्तान का मुकाबला होगा. चुनाव आयोग ने इसे चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन बताया है. हालांकि कपिल मिश्रा ने कल कहा था कि वे अपनी बात पर कायम हैं. इस बीच, ट्विटर इंडिया ने निर्वाचन आयोग के निर्देश पर इस ट्वीट को हटा दिया है.

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