सऊदी अरब ने पाकिस्तान को झटका दिया है. उसने कश्मीर को लेकर तत्काल इस्लामी सहयोग संगठन (ओआईसी) की विदेश मंत्री परिषद (सीएफएम) की बैठक बुलाने की इमरान खान की मांग को खारिज कर दिया है. पाकिस्तानी प्रधानमंत्री इस मुद्दे को लेकर 57 इस्लामी देशों के इस संगठन की चुप्पी की आलोचना कर चुके हैं. पिछले दिनों मलेशिया में एक आयोजन के दौरान उन्होंने कहा था, ‘इसे लेकर हमारे अपने भीतर ही एकता नहीं है. हम ओआईसी की बैठक में ही कश्मीर मुद्दे पर एक नहीं हो पा रहे.’

बीते साल भारत ने कश्मीर का विशेष दर्जा खत्म करते हुए उसे दो केंद्र शासित प्रदेशों में बांट दिया था. पाकिस्तान तभी से इस मुद्दे को अंतरराष्ट्रीय मंचों पर उठाने की कोशिश करता रहा है. लेकिन संयुक्त राष्ट्र सहित हर मंच पर उसे असफलता ही हाथ लगी है. दुनिया के तमाम बड़े देशों ने इसे भारत का अंदरूनी मामला बताया है. ओआईसी में सऊदी अरब और उसके करीबियों का प्रभुत्व है. इसका मुख्यालय सऊदी अरब की राजधानी जेद्दाह में है. पाकिस्तान काफी कोशिश कर रहा है कि इससे जुड़े देशों के विदेश मंत्रियों की बैठक में एक सुर से कश्मीर पर भारत के फैसले के खिलाफ प्रस्ताव पारित हो जाए. लेकिन बात बनती नहीं दिखती.