कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर टिप्पणी को लेकर लोकसभा में आज भी हंगामा हुआ. बात बढ़ते हुए धक्कामुक्की तक पहुंच गई. मामला तब शुरू हुआ जब केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ख़िलाफ राहुल गांधी की टिप्पणी की निंदा की. वे कांग्रेस नेता के एक सवाल का जवाब दे रहे थे. यह सवाल राहुल गांधी ने लोकसभा में प्रश्न काल के दौरान अपने संसदीय क्षेत्र में एक मेडिकल कॉलेज की स्थापना को लेकर पूछा था. हर्षवर्धन ने कहा, ‘मैं जवाब देने से पहले राहुल गांधी के पीएम मोदी के खिलाफ बयान की साफ शब्दों में निंदा करता हूं.’

इस पर लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला ने हर्षवर्धन को टोका. उन्होंने कहा कि केंद्रीय मंत्री सवाल के जवाब पर ही फोकस रहें. लेकिन हर्षवर्धन ने राहुल गांधी की टिप्पणी के खिलाफ निंदा में लिखित बयान पढ़ना शुरू कर दिया. इस पर कांग्रेस के सांसद अध्यक्ष के आसन के नजदीक आ गए और नारेबाजी करने लगे. इसी दौरान कांग्रेस सांसद मणिक्कम टैगोर ने हर्षवर्धन तक पहुंचने की कोशिश की तो भाजपा सांसद बृजभूषण सिंह ने उनको पकड़ लिया. मामला काबू से बाहर जाता देख लोकसभा अध्यक्ष ने सदन की कार्यवाही स्थगित कर दी.

राहुल गांधी ने क्या कहा था?

दिल्ली में विधानसभा चुनाव प्रचार के लिए एक रैली के दौरान राहुल गांधी ने कहा था कि छह महीने बाद भारत के युवा रोजगार को लेकर नरेंद्र मोदी को डंडे से मारेंगे. इस पर कल प्रधानमंत्री ने सदन में उन पर पलटवार किया था. नरेंद्र मोदी ने कहा, ‘ये बात सही है काम तो कठिन है. तैयारी के लिए छह महीने तो लगते हैं. मैं छह महीने में कोशिश करूंगा कि सूर्य नमस्‍कार की संख्‍या बढ़ा दूंगा. अपनी पीठ को मजबूत बना लूंगा. मेरी पीठ को ऐसा बना लूंगा कि हर डंडा झेलने वाला बना लूंगा. अब छह महीने का समय है मेरे पास. क्‍योंकि पिछले 20 वर्षों से गंदी गंदी गालियों को सुनते आ रहा हूं.’

उधर, आज के हंगामे पर राहुल गांधी ने कहा कि यह सुनियोजित था. एक ट्वीट में उन्होंने कहा, ‘प्रश्न काल में सामान्य रूप में सवाल का जवाब दिया जाता है. लेकिन हर्षवर्धन को निर्देश था कि वे कुछ और मुद्दा छेड़ दें ताकि मेरे संसदीय क्षेत्र में मेडिकल कॉलेज का मुद्दा नहीं उठे. मेरी पार्टी के कोई सांसद ने इस दौरान हाथापाई नहीं की है. आप वीडियो देख सकते हैं.’