बाबूलाल मरांडी की झारखंड विकास मोर्चा (प्रजातांत्रिक) का विलय भाजपा में होने जा रहा है. मंगलवार को पार्टी की केंद्रीय कार्यसमिति की बैठक में यह फैसला किया गया. पार्टी मुखिया बाबूलाल मरांडी ने इसे घर वापसी बताया.

बाबूलाल मरांडी झारखंड के पहले मुख्यमंत्री थे. तब वे भाजपा में ही हुआ करते थे. लेकिन 2006 में उन्होंने अपनी अलग पार्टी बना ली. झारखंड विकास मोर्चा ने 2009, 2014 और 2019 के विधानसभा चुनाव में क्रमश: 11, आठ और तीन सीटों पर जीत दर्ज की. बीते कुछ समय बाबूलाल मरांडी की भाजपा में वापसी के कयास लग रहे थे. हाल के महीनों में हुई राजनीतिक गतिविधियों से इन कयासों को बल भी मिला. हाल ही में बाबूलाल मरांडी ने पार्टी की कार्यकारिणी को भी भंग कर दिया था. उन्होंने कहा था कि इसे नए सिरे से बनाने की जरूरत है.

ताजा फैसले के बारे में बाबूलाल मरांडी ने कहा, ‘मैंने अपना घर बनाया था. किसी दूसरे के घर में नहीं गये थे. जीवन में कई बार ऐसा मौका आता है, जब घर छोड़ने की नौबत आ जाती है. इससे तकलीफ तो होती है, लेकिन फिर घर वापसी भी हो जाती है. अब और बड़ा घर बनायेंगे.’

झारखंड विकास मोर्चा के भाजपा में विलय के मौके पर 17 फरवरी को एक समारोह होगा. इसमें भाजपा की ओर से राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा और गृह मंत्री अमित शाह मौजूद रहेंगे. पार्टी के केंद्रीय उपाध्यक्ष ओम प्रकाश माथुर और कई संगठन मंत्रियों ने कार्यक्रम में हिस्सा लेने पर सहमति जतायी है.