सरकार ने भारत पेट्रोलियम कॉरपोरेशन लिमिटेड (बीपीसीएल) में अपनी हिस्सेदारी बेचने की प्रक्रिया शुरू कर दी है. इसके तहत इच्छुक खरीदारों से बोलियां मंगाई गई हैं. दो मई इनकी आखिरी तारीख है. डिपार्टमेंट ऑफ इंवेस्टमेंट एंड पब्लिक एसेट मैनेजमेंट (दीपम) ने निविदा दस्तावेज में कहा है कि भारत सरकार बीपीसीएल में अपने 114.91 करोड़ इक्विटी शेयरों की रणनीतिक बिक्री का प्रस्ताव रखती है. यह बीपीसीएल के कुल शेयरों का 52.98 फीसद है.

चुनी गई कंपनी को बीपीसीएल का प्रबंधन भी सौंप दिया जाएगा. 10 अरब डॉलर से अधिक नेटवर्थ वाली कोई भी कंपनी या अधिकतम चार कंपनियों का समूह इस बोली प्रक्रिया में हिस्सा ले सकता है. सरकारी स्वामित्व वाली सार्वजनिक कंपनियां इसमें हिस्सा नहीं ले सकतीं.

हालांकि, इस प्रक्रिया में नुमालीगढ़ रिफाइनरी लिमिटेड (एनआरएल) में बीपीसीएल के 61.65 फीसदी शेयर शामिल नहीं हैं. एनआरएल में कंपनी की हिस्सेदारी किसी सरकारी तेल एवं गैस कंपनी को बेची जाएगी.