अफगानिस्तान में एक गुरुद्वारे में हुए आतंकी हमले में 25 लोगों की मौत हो गई. यह हमला राजधानी काबुल में हुआ. सुबह करीब आठ बजे कई आतंकी इसमें दाखिल हो गए और गोलीबारी शुरू कर दी. उस समय भीतर करीब डेढ़ सौ लोग थे. हमले की जिम्मेदारी आतंकी संगठन आईएस ने ली है. उधर, भारत ने इस हमले की कड़ी निंदा की है. विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने इसे कायराना कार्रवाई बताया.

पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने इस हमले पर शोक जताते हुए इसे दुर्भाग्यपूर्ण बताया है. उन्होंने अफगानिस्तान के राष्ट्रपति अशरफ गनी से अपील की कि इसकी साजिश रचने वालों को खोजें और सिख समुदाय के लोगों की रक्षा करें.

नागरिक उड्डयन मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने भी इस हमले की निंदा की है. एक ट्वीट में उन्होंने कहा, ‘ये हत्याएं याद दिलाती है कि कुछ देशों में धार्मिक अल्पसंख्यकों पर जुल्म जारी है और उनकी जिंदगी और धार्मिक स्वतंत्रता की रक्षा की आपात जरूरत है.’

अफगानिस्तान में अमेरिका ने करीब डेढ़ साल की बातचीत के बाद हाल ही में तालिबान के साथ शांति समझौता किया है. इसमें इस देश में शांति स्थापित करने और विदेशी सैनिकों की यहां से विदाई की बात कही गई है.