जी20 की एक बैठक में फैसला हुआ है कि कोरोना वायरस के असर से वैश्विक अर्थव्यवस्था पर पड़ने वाली चोट का मुकाबला करने के लिए पांच ट्रिलियन डॉलर खर्च किए जाएंगे. सभी देशों ने यह भी कहा कि इस महामारी से निपटने के लिए कोई कसर नहीं छोड़ी जाएगी. जी20 की यह बैठक वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये हुई.

जी20 दुनिया की 20 प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में शुमार देशों का संगठन है. इसका गठन 2008-09 की मंदी के बाद हुआ था. तब से अब तक इन देशों की एकता का यह सबसे बड़ा प्रदर्शन है. इन सभी ने यह सुनिश्चित करने का संकल्प लिया है कि कहीं भी दवाओं से लेकर अन्य जरूरी सामान तक किसी चीज की कमी नहीं होने दी जाएगी. इसके लिए वे आपसी समन्वय भी करेंगे. 90 मिनट की बैठक के बाद एक संयुक्त बयान जारी किया गया. इसमें कहा गया कि कोरोना वायरस एक साझा खतरा है और इससे निपटने के लिए सभी देश एकजुट हैं.

कोरोना वायरस से पूरी दुनिया में संक्रमित होने वालों का आंकड़ा पांच लाख को पार कर गया है. 23 हजार से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है. आशंका जताई जा रही है कि मौजूदा हालात एक बड़ी वैश्विक मंदी की तरफ बढ़ रहे हैं.