दुनिया भर में जारी कोरोना वायरस संकट के बीच शनिवार को एक अजीबोगरीब मामला सामने आया. किसी व्यक्ति ने कोरोना वायरस संकट से उबरने में मदद करने के लिए ‘स्टैच्यू ऑफ यूनिटी’ को बेचने का ऑनलाइन विज्ञापन दे दिया. ओएलएक्स वेबसाइट पर दिए गए इस विज्ञापन में सरदार बल्लभ भाई पटेल की मूर्ति की कीमत 30 हजार करोड़ रुपए लगाई गई थी. विज्ञापन में कहा गया था कि मूर्ति बेचकर कोरोना संकट से उबरने में सरकार की मदद की जाएगी.

शनिवार को यह मामला संज्ञान में आने के बाद गुजरात के नर्मदा जिले के केवडिया पुलिस थाने में अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गयी. केवडिया पुलिस स्टेशन के अधिकारियों ने मीडिया को बताया कि किसी अनजान व्यक्ति ने शनिवार को यह विज्ञापन दिया था. अखबार में खबर छपने के बाद स्मारक की देखरेख करने वाले अधिकारियों को इसका पता चला और उन्होंने पुलिस से संपर्क किया, जिसके बाद कार्रवाई की गई. विज्ञापन देने वाले के खिलाफ आईपीसी के तहत धोखाधड़ी, महामारी कानून और आईटी कानून के तहत मामला दर्ज किया गया है. केडविया थाने के इंस्पेक्टर पीटी चौधरी के मुताबिक विज्ञापन पोस्ट करने के कुछ देर बाद इसे वेबसाइट से हटा लिया गया.

‘स्टैच्यू ऑफ यूनिटी’ सरदार बल्लभ भाई पटेल का स्मारक है. इसका उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2018 में किया था. इस स्मारक में लगायी गयी मूर्ति की ऊंचाई 182 मीटर है और यह दुनिया की सबसे बड़ी मूर्ति है. अब तक इसे देखने दुनिया भर से लाखों लोग पहुंच चुके हैं.