केंद्र सरकार ने पेट्रोल और डीजल पर एक्साइज ड्यूटी बढ़ा दी है. पेट्रोल पर इसमें 10 रु और डीजल पर 13 रु प्रति लीटर की रिकॉर्ड बढ़ोतरी की गई है. इसके साथ ही पेट्रोल पर लगने वाली कुल एक्साइज ड्यूटी 32.98 रु हो गई है. डीजल के लिए यह आंकड़ा 31.83 है. बताया जा रहा है कि इस बढ़ोतरी से सरकार को 1.6 लाख करोड़ रु का अतिरिक्त राजस्व मिलेगा.

पेट्रोल-डीजल पर एक्साइज ड्यूटी में हुई इस बढ़ोतरी का इन दोनों ईंधनों की बाजार कीमत पर कोई फर्क नहीं पड़ेगा. तेल कंपनियां इस बढ़ोतरी को कच्चे तेल की कीमत में आई कमी से एडजस्ट कर लेंगी. हालांकि इसका दूसरा पहलू यह है कि आम ग्राहक को रोज के बाजार भाव से चलने वाली पेट्रोल-डीजल की कीमतों में गिरावट का जो लाभ मिलना था, वह नहीं मिलेगा.

इसी साल मार्च के बाद से यह दूसरा मौका है जब सरकार ने अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल की कीमतों में आई कमी का फायदा उठाने के लिए एक्साइज ड्यूटी में बढ़ोतरी की है. उस महीने पेट्रोल-डीजल पर एक्साइज ड्यूटी में तीन-तीन रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी की गई थी. इससे सरकार को 39 हजार करोड़ रु का अतिरिक्त राजस्व मिलने की बात कही गई थी.