पश्चिम बंगाल में सत्ताधारी तृणमूल कांग्रेस ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के उस आरोप को झूठ बताया है जिसमें उन्होंने कहा था कि पश्चिम बंगाल सरकार उन ट्रेनों को राज्य में घुसने नहीं दे रही जिनके जरिये प्रवासी मजदूरों को वापस घर भेजा जा रहा है. पार्टी प्रवक्ता और सांसद डेरेक ओ ब्रायन ने कहा, ‘दो ट्रेनें पहले ही पहुंच चुकी हैं और आठ अगले तीन दिन के दौरान पहुंचने वाली हैं.’ उनका कहना था कि परिवहन के अन्य साधनों का इस्तेमाल करके अब तक 60 हजार से ज्यादा लोगों को वापस लाया जा चुका है. डेरेक ओ ब्रायन ने केंद्र पर इस मामले में राजनीति करने का आरोप भी लगाया. इससे पहले गृह मंत्री अमित शाह ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को एक चिट्ठी लिखकर कहा था कि प्रवासी मजदूरों को घर तक पहुंचने में मदद करने के लिए केंद्र को पश्चिम बंगाल सरकार से अपेक्षित समर्थन नहीं मिल रहा है.

लॉकडाउन के चलते देश भर में अलग-अलग जगहों पर फंसे मजदूरों की घर वापसी के लिए केंद्र विशेष श्रमिक ट्रेनें चला रहा है. अपनी चिट्ठी में अमित शाह ने लिखा था कि केंद्र ने दो लाख से अधिक प्रवासी मजदूरों को घर तक पहुंचाने की सुविधा प्रदान की है और पश्चिम बंगाल के श्रमिक भी वापस जाने के लिए उत्सुक हैं लेकिन, पश्चिम बंगाल सरकार प्रवासियों के साथ गाड़ियों को राज्य में पहुंचने की अनुमति नहीं दे रही है. गृह मंत्री ने आगे लिखा, ‘यह पश्चिम बंगाल के प्रवासी मजदूरों के साथ अन्याय है. इससे उनके लिए और कठिनाई पैदा होगी.’

पश्चिम बंगाल में अब तक कोरोना वायरस के 1678 मामले सामने आ चुके हैं. वायरस के संक्रमण से अब तक 160 मौतें भी हुई हैं. पूरे देश में मामलों और मौतों का आंकड़ा 59662 और 1981 हो गया है. 16 हजार से ज्यादा मरीज इस बीमारी से ठीक भी हो चुके हैं. इस तरह रिकवरी रेट 29.36 फीसदी है जो सरकार के मुताबिक कई देेशों से बेहतर है. पूरी दुनिया की बात करें तो कुल मामलों की संख्या 40 लाख को छूने वाली है जबकि मौतों का आंकड़ा पौने तीन लाख के करीब पहुंच गया है.