प्रमुख कैब एग्रीगेटर ऊबर इंडिया ने अपने 600 कर्मचारियों की छुट्टी कर दी है. यह आंकड़ा उसके कुल स्टाफ का एक चौथाई है. ऊबर इंडिया का कहना है कि कोरोना वायरस संकट के चलते घोषित लॉकडाउन ने उसके लिए हालात मुश्किल कर दिए हैं. कंपनी के मुताबिक यह भी साफ नहीं है कि स्थितियां कब तक ठीक होंगी. ऊबर इंडिया के मुताबिक इसे देखते हुए उसके पास कर्मचारियों को निकालने के अलावा और कोई विकल्प नहीं है. उसने इसे एक दुखद क्षण बताया है.

बीते हफ्ते ही ऊबर इंडिया की पेरेंट कंपनी और अमेरिका स्थित ऊबर टेक्नॉलॉजीज ने स्टाफ में 23 फीसदी कटौती का ऐलान किया था. उसके मुताबिक यह आंकड़ा 6700 के करीब होगा. उधर, ऊबर इंडिया का कहना है कि हर कर्मचारी को कम से कम ढाई महीने की सेलरी और अगले छह महीने तक बीमा कवर दिया जाएगा. कर्मचारी कंपनी द्वारा दिया गया लैपटॉप भी रख सकते हैं.

दो महीने से भी ज्यादा समय से जारी लॉकडाउन का सार्वजनिक परिवहन सेवाओं पर बहुत बुरा असर पड़ा है. बीते हफ्ते ही ऊबर की प्रतिद्वंदी ओला ने 1400 कर्मचारियों की छंटनी का ऐलान किया था. कंपनी का कहना था कि उसके राजस्व में 95 फीसदी तक की कमी आ गई है और आगे की राह बहुत मुश्किल है.