भारत और जापान के बीच दक्षिण चीन सागर को लेकर हुए समझौते से चीन नाराज हो गया है. चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा है कि भारत ने जापान के साथ दक्षिण चीन सागर में स्वतंत्र परिवहन को लेकर जो समझौता किया है वह पूरी तरह से गलत है. यह समझौता जापान के प्रधानमंत्री शिंज़ो अबे की भारत यात्रा के दौरान हुआ है. चीन का कहना है कि जब इन दोनों देशों का इस क्षेत्र से कोई लेना-देना ही नहीं है तो वे इसे लेकर कोई समझौता कैसे कर सकते हैं. उसके मुताबिक, जब जापान पूर्वी चीन सागर में आता है तो वह दक्षिण चीन सागर पर अपना अधिकार कैसे जता सकता है. साथ ही चीन ने जोर देकर कहा है कि दक्षिण चीन सागर पर केवल उसका हक है क्योंकि यहां के सारे द्वीप उसके क्षेत्र में आते हैं.
उधर, भारत का कहना है कि आयात-निर्यात के चलते उसके जहाजों को इस विवादित क्षेत्र से गुजरना पड़ता है. ऐसे में भविष्य में किसी अड़चन से बचने के लिए उसने यह समझौता किया है. चीन का जापान सहित कई अन्य देशों के साथ इस जलक्षेत्र को लेकर विवाद चल रहा है. दरअसल, यह इलाका तेल और गैस जैसे अहम प्राकृतिक संसाधनों का बड़ा भंडार माना जाता है. यही वजह है कि इससे सटे सभी देश इसके अलग-अलग हिस्सों पर अपना दावा करते हैं. जबकि, चीन इस पूरे इलाके को ही अपना बताता है.


'मैं आप को बता दूं कि आईएस को तबाह करने के लिए इस समय अमेरिकी सेना सीरिया और इराक में आईएस पर अब तक के सबसे तेज़ हमले कर रही है.'

बराक ओबामा, अमेरिकी राष्ट्रपति
पेंटागन में पत्रकारों से बातचीत में



आईएस से लड़ने के लिए 34 मुस्लिम बहुल देश एक साथ आये
आतंकी संगठन आईएस के खिलाफ कई देशों को एक साथ लाने की सऊदी अरब की कोशिशों को कामयाबी मिली है. बढ़ते अंतर्राष्ट्रीय दबाव के बीच आईएस से लड़ने के लिए 34 मुस्लिम बहुल देशों ने गठबंधन किया है. सऊदी अरब के रक्षा मंत्री मोहम्मद बिन सलमान ने इसकी घोषणा करते हुए कहा है कि यह नया गठबंधन इराक़, सीरिया, लीबिया, मिस्र और अफ़ग़ानिस्तान में आईएस के ख़िलाफ़ लड़ेगा. उनके मुताबिक जल्द ही राजधानी रियाद में सभी देशों का संयुक्त ऑपरेशन सेंटर स्थापित किया जाएगा. बताया जाता है कि सऊदी अरब के इस गठबंधन में उसके कट्टर प्रतिद्वंदी ईरान ने शामिल होने से इनकार कर दिया है. पिछले कुछ समय से आईएस ने कई मुस्लिम देशों में शिया समुदाय को निशाना बनाते हुए बड़े हमले किये हैं. इसके बाद से सऊदी अरब सहित कई देश इन सभी से आईएस के खिलाफ एकजुट होने की अपील कर रहे थे.
नेपाल में ईंट भट्टे में विस्फोट, छह भारतीयों की मौत
नेपाल में एक ईंट भट्टे में हुए विस्फोट में छह भारतीयों समेत कुल आठ लोगों की मौत हो गई है. मरने वाले भारतीयों में तीन लोग बंगाल और तीन बिहार के बताये जा रहे हैं. ये हादसा इटहरी कस्बे में हुआ. स्थानीय पुलिस के अनुसार भूकंप के दौरान क्षतिग्रस्त हुई भट्टे की चिमनी को मरम्मत के बाद पहली बार काम में लाया गया था. लेकिन, काम शुरू करने से पहले मरम्मत के दौरान चिमनी में रखी गई लकड़ी और प्लास्टिक को नहीं हटाया गया जिस वजह से चिमनी में बड़ा धमाका हुआ. बताते हैं कि धमाके में 105 फुट उंची चिमनी मजदूरों के ऊपर गिर गई. मरने वाले छह भारतीयों में चार नाबालिग हैं.